भाजपा नाहन मंडल की बैठक में स्वास्थ्य, सड़क व संस्थानों की बदहाली पर चिंता, डॉ. राजीव बिंदल की अध्यक्षता में पारित प्रस्ताव राज्यपाल को भेजा
डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि नाहन की जनता के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। भाजपा द्वारा पारित प्रस्ताव के माध्यम से प्रदेश के राज्यपाल से भी इन गंभीर विषयों पर उचित संज्ञान लेने का आग्रह किया गया है।
Main Photo Section
Main Content Section
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल की अध्यक्षता में आज भारतीय जनता पार्टी नाहन विधानसभा क्षेत्र की बैठक हिन्दू आश्रम, नाहन में संपन्न हुई। बैठक में नाहन विधानसभा क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं, सड़कों तथा विभिन्न सरकारी संस्थानों की कथित बदहाली को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में पारित प्रस्ताव को जिला प्रशासन के माध्यम से राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश को प्रेषित किया गया।
बैठक में कहा गया कि प्रदेश में कांग्रेस सरकार के साढ़े तीन वर्ष के कार्यकाल के दौरान नाहन विधानसभा क्षेत्र की चिकित्सा सुविधाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। नाहन में 500 बिस्तरों वाले अस्पताल का निर्माण कार्य चल रहा था, जिसके लिए केंद्र की मोदी सरकार द्वारा 260 करोड़ रुपये प्रदान किए गए थे, लेकिन अस्पताल भवन का निर्माण कार्य रोक दिया गया। भाजपा ने कहा कि यदि यह भवन समय पर बनकर तैयार हो जाता तो आज नाहन में 500 बिस्तरों का आधुनिक अस्पताल संचालित हो रहा होता।
प्रस्ताव में कहा गया कि वर्तमान में अस्पताल की स्थिति अत्यंत चिंताजनक है। मरीजों को एक-एक बिस्तर पर तीन-तीन मरीजों के साथ उपचार करवाने की स्थिति का सामना करना पड़ रहा है। पुराने एवं जर्जर भवन में अस्पताल संचालित हो रहा है, जबकि इसे अब तक नए भवन में स्थानांतरित हो जाना चाहिए था। भवन के अभाव में नई अत्याधुनिक मशीनरी भी स्थापित नहीं हो पा रही है।
भाजपा ने कहा कि नए अस्पताल भवन में नए ऑपरेशन थिएटर, आधुनिक इमरजेंसी, बच्चों की नर्सरी, कैंसर अस्पताल, माता-शिशु अस्पताल, एमआरआई मशीन, मरीजों के लिए कैंटीन तथा सात मंजिला पार्किंग जैसी सुविधाएं प्रस्तावित थीं। इसके अतिरिक्त लगभग 70 करोड़ रुपये की लागत से नर्सिंग कॉलेज का निर्माण होना था। इन परियोजनाओं के समय पर पूरा न होने से न केवल मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं से वंचित होना पड़ रहा है, बल्कि क्षेत्र में रोजगार एवं आर्थिक गतिविधियों को भी नुकसान पहुंचा है।
बैठक में कहा गया कि अस्पताल में चार में से दो ऑपरेशन थिएटर बंद पड़े हैं, जिसके कारण मरीजों को उपचार के लिए चंडीगढ़ एवं अन्य स्थानों का रुख करना पड़ रहा है। भाजपा ने आरोप लगाया कि यदि 500 बिस्तरों वाला अस्पताल समय पर बन जाता तो अस्पताल में लगभग 1000 कर्मचारियों की व्यवस्था, 500 बिस्तर, प्रतिदिन हजारों मरीजों के उपचार की क्षमता तथा आठ ऑपरेशन थिएटर जैसी सुविधाएं उपलब्ध हो सकती थीं। नर्सिंग कॉलेज शुरू होने से लगभग 500 नर्सिंग विद्यार्थियों एवं स्टाफ के लिए भी अवसर पैदा होते।
स्वास्थ्य सुविधाओं पर भाजपा ने उठाए सवाल
बैठक में कहा गया कि पिछले कुछ महीनों में अस्पताल में मरीजों की समस्याएं और बढ़ी हैं। भाजपा ने आरोप लगाया कि—
सीटी स्कैन की सुविधा प्रभावित है।
अल्ट्रासाउंड की सुविधा प्रभावित है।
कई प्रकार के टेस्ट मरीजों को बाहर करवाने पड़ रहे हैं।
अस्पताल में पर्ची के लिए शुल्क लिया जा रहा है।
दवाइयां बाहर से लिखे जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
हिमकेयर कार्ड की सुविधा प्रभावित हुई है।
आयुष्मान भारत योजना का लाभ भी कई मामलों में नहीं मिल पा रहा है।
भाजपा ने नाहन विधानसभा क्षेत्र के प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की। प्रस्ताव में पंजाहल, त्रिलोकपुर तथा सैनवाला-मुबारिकपुर पीएचसी में चिकित्सकीय सेवाओं को लेकर सवाल उठाए गए। इसके साथ ही रामपुर-भारापुर सीएचसी, जमटा पीएचसी तथा बनेठी पीएचसी की स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की गई।
भाजपा ने स्वास्थ्य क्षेत्र की इस स्थिति के लिए प्रदेश की कांग्रेस सरकार तथा नाहन के कांग्रेस विधायक को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि इसके कारण क्षेत्र के हजारों मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
सड़कों की बदहाली पर भी जताई चिंता
बैठक में नाहन विधानसभा क्षेत्र की सड़कों की खराब स्थिति को लेकर भी गंभीर चिंता व्यक्त की गई। भाजपा ने आरोप लगाया कि क्षेत्र की अधिकांश सड़कें गड्ढों से भरी हैं और बरसात के दौरान कई सड़कें दलदल एवं तालाब में तब्दील हो जाती हैं। इससे आम जनता, वाहन चालकों और किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भाजपा ने आरोप लगाया कि कई स्थानों पर सड़कों के गड्ढों की मरम्मत के लिए गुणवत्तापूर्ण सामग्री के बजाय मिट्टी का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे सड़कें जल्द खराब हो रही हैं।
सरकारी संस्थानों को बंद करने का आरोप
बैठक में कहा गया कि नाहन विधानसभा क्षेत्र में 13 स्कूल, 5 पटवार सर्कल, 4 सीएचसी एवं पीएचसी, 5 पशु चिकित्सा संस्थान तथा 1 उप-तहसील को बंद किया गया है। भाजपा ने कहा कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को सरकारी सेवाओं के लिए दूर जाना पड़ रहा है।
भाजपा ने हाउसिंग बोर्ड के कार्यालय को स्थानांतरित किए जाने तथा विभिन्न सरकारी कार्यालयों में पर्याप्त वरिष्ठ अधिकारियों एवं कर्मचारियों की तैनाती न होने पर भी सवाल उठाए।
डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि नाहन विधानसभा क्षेत्र की जनता को बेहतर स्वास्थ्य, सड़क, शिक्षा एवं सरकारी सेवाएं उपलब्ध करवाना सरकार की जिम्मेदारी है। भाजपा जनता की समस्याओं को लेकर लगातार आवाज उठाती रहेगी और सरकार से मांग करेगी कि बंद किए गए संस्थानों को पुनः खोला जाए, अस्पताल का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू किया जाए तथा नाहन की स्वास्थ्य एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं को मजबूत किया जाए।
उन्होंने कहा कि नाहन की जनता के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। भाजपा द्वारा पारित प्रस्ताव के माध्यम से प्रदेश के राज्यपाल से भी इन गंभीर विषयों पर उचित संज्ञान लेने का आग्रह किया गया है।

































































